वीरगंज मे ग्याँस के लाइन लकडाउन तुरलख

वीरगंज ११ चईत,
वीरगंज पानीट्यांकी के सुरेशप्रसाद गुप्ता मंगर के सबेरे ८ बजे से लाइन मे रहनी । दिन के २ बजे भेटला पर उनका ग्याँस ना मिलल रहे ।
सबेरे से बाबु बेटा पालहा से मनोज ग्याँस के खाली सिलिण्डर के ईन्तजार करके बईठल बतवलन । “डिलर ४० गो ग्याँस आई कहले बा ।” कहत उ “सबेरे ८ बजे से लाइन मे बईठल अभी तक ग्यास मिलल नइखे ।”
जहिया से कोरोना भाइरस के फईले ना देवे खातिर सरकार नाकाबन्दी आ लकडाउन करेके हल्ला फईलल, उहे समय से ग्याँस के लाइन एहितरे लागत आईल बतवनी । “घर मे ग्याँस ओरईला एक हप्ता भईल, माकिर नइखे मिलत,” कहके गुप्ता बतवनी ।
गुप्ता सँगे पानी ट्यांकी के सायरा खातुन सबेरे ८ बजे से हि ग्याँस के खातिर लाइन मे रहनी । सुरेश आ सायरा मात्र ना, मंगर के दिने मनोज ग्याँस के ६० से बेसी उपभोक्ता ग्याँस के खातिर लाइन मे लागल रहलन ।
भिडभाड ना होखो कहके सरकार एक हप्ता के खातिर लकडाउन कईले बा । माकिर, ग्याँस लेवे खातिर आदमीसब के बहुते भिडभाड देखल गईल रहे । ग्याँस के लाइन मे बईठल वृद्ध, जनानी, लईकालइकी ग्याँस लेजाए खातिर सहजोगी भी सँगे लिआईल रहलन ।
ग्याँस आवेवाला मुख्य नाका वीरगंज मे आउर ग्याँस से बेसी मनोज ग्याँस के कमी देखल गईल बा । वीरगंज भिश्वा के कमल राना दुसरका दिन लाइन मे बईठल रहनी । सोमार के दिने ग्याँस ना अईला के बाद लाइन लाग के फिर्ता कईल उ बतवनी । “काल्हु ग्याँस हि ना आईल, आजु आई कहले बाडन,” कहत राना, “आजु मिली कहके लाइन मे बईठल बानी ।”
हरदम भिश्वा मे रहल डिलर से ग्याँस लेवेके माकिर उनका से उपलब्ध ना करईला के बाद पानीट्यांकी आवेमे बाध्य भईल उनकर कहनाम बा । ग्याँस बिक्रेता महासंघ नेपाल के उपाध्यक्ष गणेशमान श्रेष्ठ कहनी कि ग्याँस के माग मुताविक आपूर्ति ना भईला के चलते हि कमी देखल गईल बतवनी । “ग्याँस अईला पर हमनी उपभोक्ता के देवेनी,” कहत श्रेष्ठ, “आउर डिलर के उपभोक्ता भी पानीट्यांकी मे जम्मा भईल बाडन ।
एकरा चलते बेसी भिड देखल गईल बा ।”
ग्याँस ना मिलल, उपभोग्य वस्तु के दाम बेसी लेहल जनगुनासो प्रशासन मे भी आईल सहायक प्रमुख जिल्ला अधिकारी ललित कुमार बस्नेत जानकारी देहनी ।
“हमनी सँगे अनुगमन टोली तइयारी अवस्था मे बा । माकिर, लकडाउन के पहिलका दिन भईला से आजु बजार मे ना गईनी,” कहत उ, “बिहान से तरकारी, खाद्यान्न दोकान लगायत अत्यावश्यक समान के दोकान के अनुगमन होखी ।” कृत्रिम अभाव, कालाबजारी करेवाला के प्रशासन कानून बमोजिम कारबाही करेके उनकर कहनाम बा । उल्था ः अनलाईन





