तीन तह बीच समन्वय जरुरी : मुख्यमन्त्री गुरुङ

पोखरा, १८ जेठ
गण्डकी प्रदेश के मुख्यमन्त्री पृथ्वीसुब्बा गुरुङ समृद्धि के खातिर तीन गो तहबीच समन्वय जरुरी भईल बतवले बानी ।
गण्डकी प्रदेश नीति तथा योजना आयोगद्वारा तइयार कइल प्रथम पञ्चवर्षीय योजना के पुस्तक आजु इहाँ लोकार्पण करत उ तीन गो सरकार एकताबद्ध होत अगाडि बढे सकल अवस्था मे जनता के अपेक्षा पूरा करेवाला किसिम से समृद्धि आ विकास मे अगाडि बढ सकता कहनी ।
आयोग से तईयार कईल प्रथम पञ्चवर्षीय योजना के आधार रूप मे लेत आवेवाला बरीस नीति तथा कार्जक्रम आ बजेट लियावे के तइयारी हो रहल जानकारी देत आयोग के अध्यक्ष भी रहल उ समृद्ध प्रदेश आ सुखी प्रदेशवासी के लक्ष्य प्राप्ति के खातिर सरकार क्रियाशील बनेके उल्लेख कइनी ।
सङ्घ सरकार से लियावल आर्थिक बरीस २०७७÷७८ बजेट मे आईल चालू खर्च से जनअपेक्षा पूरा करे ना सकेके बतावत उ फजुल खर्च कटौती करके विकास ओरी बढावे के जरुरत रहल बतवनी ।
योजना मे गण्डकी प्रदेश के समग्र विकास के खातिर अल्पकालीन, मध्यकालीन आ दीर्घकालीन लक्ष्यसहित समृद्धि आ सुख के मुख्य सूचक निर्धारण कईल उ बतवनी ।
“प्रदेश मे उत्पादन आ उत्पादकत्व वृद्धि करके वार्षिक औषत १० प्रतिशत के आर्थिक वृद्धि हासिल करेके आ विकसित राष्ट्रसरह के उच्च आय भईल समृद्ध प्रदेश निर्माण करेके लक्ष्यसहित ई योजना तईयार कईल गईल बा”, कहके बतवनी ।
प्रदेश के आर्थिक समृद्धि के मुख्य आधार पर्यटन आ कृषि भईल उल्लेख करत उ पर्यटन के स्थानीय उत्पादन से जोडल जरुरी भईला मे जोड देहनी ।
जलाशययुक्त जलविद्युत् आयोजना के प्राथमिकता देवेके बतावत उ एकरा सँगे बडका उद्योग स्थापना मे भी जोड देवेके उल्लेख कइनी ।
प्रदेश नीति तथा योजना आयोग के उपाध्यक्ष डा गिरिधारी शर्मा पौडेल जनसहभागिता मूलक योजना तर्जुमा पद्धति अपना के प्रथम पञ्चवर्षीय योजना तइयार कईल जानकारी देहनी ।
समावेशी, सन्तुलित तथा दिगो सामाजिक, आर्थिक आ भौतिक विकास करके सामाजिक न्यायसहित के समृद्धि आ सुख हासिल करे खातिर योजनाबद्ध विकास कईल जरुरी भईल उ बतवनी ।
प्रदेश सरकार आपन समृद्धि आ सुख के लक्ष्य प्राप्त करे खातिर प्रथम पञ्चवर्षीय योजना तइयार कईल उ बतवनी ।






