जेठ ३ गते पर्सा के पूर्ण खोप जिल्ला घोषणा करे के तईयारी अन्तिम चरण मे
जेठ ३ गते पर्सा के पूर्ण खोप जिल्ला घोषणा करे के तईयारी अन्तिम चरण मे

वीरगंज २६ बैशाख
पर्सा के औपचारिक रुप मे पूर्ण खोप जिल्ला घोषणा करेके तईयारी अन्तिम चरण मे पुगल बा । जिल्ला के आवेवाला जेठ ३ गते पूर्ण खोप जिल्ला घोषणा कईल जा रहल बा । ओकरा खातिर ई बरीस हि पूर्ण खोप घोषणा भइल १० गो पालिका मे स्वास्थ्य कार्यालय पर्सा एतवार से मंगर तक स्थलगत अनुगमन कईले बा ।
अनुगमन के समय मे हरेक उ पालिका के अनेकन वार्ड के घरधुरी मे पुगके लक्षित उमिर समूह के लईकालईकी नियमित खोप लगावल÷ना लगावल बारे मे अनुगमन कईल स्वास्थ्य कार्यालय पर्सा के जनस्वास्थ्य अधिकृत जयमोद ठाकुर बतवनी ।
अनुगमन के अन्तिम दिन मंगर के दिने स्वास्थ्य अधिकृत मल्लिका श्रेष्ठ के नेतृत्व मे स्वास्थ्य कार्यालय से खटल दु गो अलग–अलग टोली छिपहरमाई, विन्दवासिनी, पटेर्वासुगौली आ सखुवा प्रसौनी गाँवपालिका के अनेकन वार्ड मे पुगके अनुगमन कईल उ बतवनी । एकरा से पहिले एतवार आ सोमार के दिने भी आउर ६ पालिका मे श्रेष्ठ नेतृत्व के टोली अनुगमन कईले रहे ।
ठाकुर के मुताविक, जिल्ला के वीरगंज महानगर बाहेक आउर चार पालिका बितल बरीस हि पूर्ण खोप पालिका घोषणा भइल रहे । ठाकुर कहनी, ‘पालिकासब एकरा से पहिले हि पालिकास्तर से आपन अनुगमन पुरा कईले रहे । अब जिल्ला के हि पूर्ण खोप जिल्ला घोषणा करे खातिर अन्तिम तईयारी स्वरुप स्वास्थ्य कार्यालय अनुगमन कईले बा । कहि कउनो कारणवस ककउनो लईकालईकी खोप से बञ्चित त नईखन कहके हमनी ई अन्तिम अनुगमन कर रहल बानी । चार पालिका मे कईल अनुगमन मे लक्षित उमिर समूह के एक जने भी लईकालईकी पूर्णखोप से बञ्चित भईल ना मिलल ।’
जेठ ३ गते वीरगंज के कन्ट्री इन पार्टी प्यालेस मे प्रदेश सरकार के स्वास्थ्यमन्त्री के प्रमुख आतिथ्यता मे एक भव्य कार्जक्रम आयोजना करके पर्सा जिल्ला के पूर्ण खोप जिल्ला घोषणा करेके जानकारी ठाकुर देहनी ।
मधेस प्रदेश के आठ जिल्ला मेसे पर्सा सहित चार जिल्ला पूर्ण खोप जिल्ला घोषणा होखेके बाँकी बा । पर्सा, रौतहट, धनुषा आ महोत्तरी जिल्ला मात्र पूर्ण खोप जिल्ला घोषणा होखेके बाँकी रहल बा । पर्सा मे पूर्ण खोप कार्जक्रम २०७३ वैशाख से सुरु कईल रहे । लक्ष्य मुताविक सन् २०१७ भितर पर्सा जिल्ला के पूर्ण खोप घोषणा करेके रहे । माकिर उ समय मे भी होखे ना सकला के बाद बेर बेर म्याद थपत काम होत आईल रहे । पिछिलका ५ बरीस एने कोरोनाकाल तथा आउर कारण देखाके काम मे ढिलाई होत रहे ।
पूर्ण खोप युक्त जिल्ला घोषणा करे खातिर जिल्ला के २३ महिना से कम के करिब २५ हजार लईकालईकी सभी खोप लगावल होखेके चाहिं । उ मेसे १ बरीस निचेके १५ हजार लईकालईकी के दादुरा के दुसरका खोप लगावल होखेके पडि ।
१५ महिना से २३ महिना उमिर समूह के सभी लईकालईकी एगो भी खोप ना छुटाके सभी खोप लगावल अवस्था मे पालिका भा जिल्ला के पूर्ण खोप घोषणा कईल जाला । २३ महिना से कम के लईकार्लइकी के बीसीजी १ मात्रा, डिपिटी÷एचइपीबीएचआइबी के ३, ओपीभी के ३, पीसीभी के ३, दादुरा के २, जेइ के १ डोज खोप लेहल होखेके पडि । ई मेसे एगो भी लईकालईकी के कउनो एगो खोप से बञ्चित होखेके ना चाहिं । उल्था अन्नपूर्ण






