लोकतान्त्रिक गणतन्त्र असफल हो रहल :अध्यक्ष महतो
लोकतान्त्रिक गणतन्त्र असफल हो रहल : अध्यक्ष महत

वीरगंज १५ जेठ
राष्ट्रिय मुक्ति क्रान्ति पार्टी के अध्यक्ष राजेन्द्र महतो बढिया कहल गईल लोकतान्त्रिक गणतन्त्र भी असफल होखे लागल बतवले बानी ।
वीरगंज मे आजु आयोजना कईल पत्रकार सम्मेलन मे अध्यक्ष महतो क्रान्ति केवल सत्ता परिवर्तन के खातिर भईल आ निर्णायक होखे ना सकल बतवनी । बढिया कहल लोकतान्त्रिक गणतन्त्र भी असफल होत गईला से अब दोसर क्रान्ति के जरुरत रहल आ ओकरा खातिर तराई, पहाड, हिमाल मे क्रान्ति के खातिर जनता जागरण अभियान सञ्चालन कईल बतवनी ।
उ २००७, २०४६, २०६२÷६३ के जनआन्दोलन आ मधेस आन्दोलन से राजनीतिक परिवर्तन मात्र भईल बतावत परिवर्तन के खातिर हजारो आदमी ज्यान गँवईलें, हजारो अपाङ्ग भईले माकिर ओकर लाभ निश्चित वर्ग, समूह आ आदमी मात्र उठावत आईल आरोप लगवनी । उ अभी भी गरीब, दलित, अल्पसङ्ख्यक समुदाय के पहुँच सत्ता मे ना रहल आ हरेक तहतप्का के आदमी के समावेशी तरीका से प्रतिनिधित्व करावेके जरुरत रहला से आपन पार्टी उ अभियान शुरू कईल बतवनी ।
उ खुद ३५ बरीस से राजनीति मे सक्रिय रहल आ उ खुद बाहरी शक्ति से सञ्चालित भईल कहके आरोपमा कउनो सत्यता ना भईल बतवनी । जनभावना से नयाँ हरितक्रान्ति के रास्ता खोजेके जरुरत रहल आ अभी खुद उहे अभियान मे समाहित भईल दाबी कईनी । पत्रकार सम्मेलन मे नेजामुद्दीन समानी, मधेस प्रदेश के पूर्वमन्त्री रामनरेश यादव, कमला गुरुङ, राजीव झा, गोवर्धन यादव, लालकिशोर पटेल, शिव साह लगायत के सहभागिता रहल रहे ।






