प्रादेशिक आयुर्वेद चिकित्सालय में बिचौलियन के खेल ?

प्रादेशिक आयुर्वेद चिकित्सालय में बिचौलियन के खेल ?

प्रभु यादव / बारा, १४ जेठ

पर्सा जिल्लाके वीरगंज स्थित प्रादेशिक आयुर्वेद तथा वैकल्पिक चिकित्सालय एक बेर फेर विवाद में आ गइल बा। चिकित्सालय के कार्यालय प्रमुख डा. शिवनारायण प्रसाद गुप्ता पर कर्मचारी सभके बिचौलिया बना के सेवाग्राही सभसे महँग दवाई किनवावे आ आर्थिक शोषण करे के आरोप लागल बा।

सेवाग्राही सभके कहनाम बा कि पाइल्स आ बवासीर के अपरेशन करावे खातिर आइल बिरामी सभके खास मेडिकल आ पोलिक्लिनिक से दवाई किनावे खातिर दबाव दिहल जाला। आरोप अनुसार करार के डाक्टर मनिष कुमार आ कार्यालय सहयोगी प्रमेश्वर साह कानु के माध्यम से बिरामी सभके वीरगंज के मुर्ली वगैंचा स्थित सुश्रुत आयुर्वेद पोलिक्लिनिक भेजल जाला।

करार के डाक्टर मनिष कुमार स्वीकार कइलन कि ऊ कार्यालय समय में सेवाग्राही सभके कहला पर डा. गुप्ता से जुड़ल पोलिक्लिनिक से दवाई लियाके देत रहनी। हालांकि उहाँ कहलन कि डाक्टर खुद दवाई दुकान तक जाएं, ई उचित बात नइखे, बाकिर ऊ सेवा भाव से मदद कइले रहनी।

एह मामिला में कार्यालय सहयोगी प्रमेश्वर साह कानु से सम्पर्क करे के कोशिश भइल, बाकिर उहाँ से कवनो प्रतिक्रिया ना मिल सकल।

ओरहन, कार्यालय प्रमुख डा. शिवनारायण प्रसाद गुप्ता आरोप के खारिज करत कहलन कि चिकित्सालय के कार्यसमिति के निर्णय अनुसार २ हजार रुपैया शुल्क लेके अपरेशन कइल जाला। उहाँ बतवलन कि अपरेशन में लागे वाला कुछ एलोपैथिक दवाई बिरामी सभके अपने किनके लियावे के पड़ेला। कर्मचारी मार्फत दवाई मँगावल गलती भइल हो सकेला, बाकिर जानबूझ के कवनो गलत काम ना भइल बा।

चिकित्सालय के सूचना अधिकारी वैद्य निरीक्षक दिनेश साह बतवलन कि २ हजार रुपैया शुल्क में बेड, पानी, बिजुली आ अन्य सेवा निःशुल्क उपलब्ध करावल जाला। उहाँ ईहो जानकारी दिहलन कि डा. गुप्ता सरकारी चिकित्सालय के साथे-साथ वीरगंज स्थित निजी पोलिक्लिनिक में भी अपरेशन करेलें।

सेवाग्राही सभके आरोप बा कि बाहर से दवाई किनला पर अपरेशन में आलटाल कइल जाला आ व्यवहारो बदल जाला। उहाँ सभके कहनाम बा कि बजार में ४ हजार रुपैया में मिल जाए वाला दवाई कर्मचारी सभके माध्यम से ८ हजार रुपैया तक में किनवावल जाला।

स्थानीय नागरिक सभ कहत बाड़ें कि बिरामी के सेवा कइल बहुत नीक काम बा, बाकिर सेवा के नाम पर कमिशनखोरी आ ठगी स्वीकार योग्य नइखे। घटना के निष्पक्ष छानबीन क के दोषी पर कारबाही करे के माँग जोर पकड़त जा रहल बा।

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