होटल तथा पर्यटन व्यवसाय सञ्चालन करे खातिर वीरगंज के व्यवसायी के माग

वीरगंज ११ असाढ

वीरगंज के व्यवसायी होटल तथा पर्यटन व्यवसाय सञ्चालन करेके माग कतर प्रमुख जिल्ला अधिकारी के ज्ञापनपत्र बुझवले बाडन ।

उलोग जरुरी स्वास्थ्य प्रोटोकल पुरा करके होटल तथा पर्यटन व्यवसाय सञ्चालन करेके बातावरण बना देवे खातिर निहोरा करत होटल तथा पर्यटन व्यवसायी संघ वीरगंज के अध्यक्ष हरि पन्त आ महासचिव माधव बस्नेत प्रमुख जिल्ला अधिकारी पिताम्बर घिमिरे के ज्ञापनपत्र बुझवले बाडन ।

लम्हर बन्द से व्यवसायीलोग के पलायन होखे से बँचावे खातिर होटल तथा पर्यटन क्षेत्र सञ्चालन मे लियावे के वातावरण मिलावे खातिर निहोरा कईल होटल तथा पर्यटन व्यवसायी संघ वीरगंज के अध्यक्ष पन्त बतवनी ।

‘कोरोना महामारी से व्यवसाय ठप्प बा, कर्जा के ब्याज, किस्ता तिरे ना सकेके अवस्था बा । भाडा मे रहल होटलसब त आउर घर भाडा भी तिरेके पडि । व्यवसाय सञ्चालन ना भईल अवस्था मे कईसे तिरेके ?’ कहत उ ‘व्यवसायीलोग पलायन होखेके अवस्था मे बाडन, ओहिसे सञ्चालन करेके वातावरण मिलावे खातिर प्रशासन से निहोरा कईले बानी ।’

कोरोना महामारी के पहिलका लहर मे २०७६ चईत ११ गते से बेर बेर लकडाउन, निषेधाज्ञा मे होटल तथा पर्यटन व्यवसाय ठप्प रहल । आउर क्षेत्र खुलला पर भी होटल तथा पार्टी प्यालेस लगायत पर्यटकीय क्षेत्रसब कुवार १ गते से मात्र खुलल रहे ।

ओकरा बाद भी सीमा नाका बन्द रहला पर होटल तथा पर्यटन व्यवसाय उपर उठे ना मिलल । दुसरका लहर के कोरोना संक्रमण शुरु भईला के बाद वीरगंज मे पूनः बैशाख १६ गते से निषेधाज्ञा लगावल गईल बा ।

होटल व्यवसायीसब भौतिक पुर्वाधार मे भईल कर्जा के व्याज, किस्ता भाडा मे रहल होटलसब के घर भाडा भी तिरे ना सकेके अवस्था मे पुगल सिकाईत कर रहल बाडन ।

पर्सा मे असाढ ३ गते से जिल्ला कोभिड व्यवस्थापन समिति के बईठक से आउर क्षेत्र क्रमशः खुल्ला कईला पर भी होटल तथा पर्यटन क्षेत्र अभी तक भी बन्द हि रखले बाडन । नेपाल सरकार आन्तरिक तथा बाह्य पर्यटन एवं यातायात भी सुचारु करेके घोषना कईल सन्दर्भ मे होटल तथा पर्यटन क्षेत्र मात्र बन्द कईला के कउनो औचित्य हि ना भईल व्यवसायी के ठहर बा ।

वीरगंज मे छोटा बडका करके ७० गो होटल तथा पर्यटन व्यवसाय बाडन । जउना मे १२ सय के हाराहारी मे कर्मचारी रहल अनुमान बा । कोरोना महामारी से व्यवसायीलोग संकट मे बाडन आ कर्मचारीलोग के रोजगारी गुमेके खतरा बढत गईल बा ।

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