लम्पी स्किन बेमारी गाई मे बहुते लागल प्रदेश सरकार आठ हजार सुई पेठवलख

प्रभु यादव
बारा १८ सावन
बारा जिल्ला के १६ ओ पालिका मे गाई मे लाग रहल बेमारी लम्पी स्किन बहुते फईलल बा । निजगढ नगरपालिका मे मकवानपुर से फईलल बेमारी दु महिना पहिले सम्बन्धित निकाय से ध्यान ना देहलला से जिल्ला भर तबाही मचावल गाई पालक किसान कलैया–२ के रविन्दर यादव बतावले बानी ।
भेटेरिनरी अस्पताल तथा पशु विज्ञ केन्द्र कलैया के भेटेरिनरी अधिकृत राम शंकर शर्मा सभे पालिका मे व्यापक बेमारी फईलल जनकारी करावले बानी । बेमारी लागल ठाँव से आवत–जावत गाई के ना भईल रहीत आ दवाई करेवाला पशु चिकित्सक सब सवधानी अपना के बेमारी लागल के दवाई कर के सफा करके दुसर के दवाई करे जाईत तब विमारी ना फईलल रहीत शर्मा जनकारी करावले बानी ।
गाई के अधिक बोखार, खाना खाएमे कमि, देह मे १–५ सियम के गोल चटका देखाई देहल लम्पी स्कीन बेमारी के लक्षण रहल अधिकृत शर्मा जनकारी करावले बानी । बेमारी लागल गाई के देह मे दुसर गाई सटला से, चरेवाला जगह मे चरे गईल, मछर बेमार के काट के काटला पर आ किराना एक दुसरा के कटला पर बेमारी फईलेला अधिकृत शर्मा जनकारी करावले बानी ।
मधेश प्रदेश सरकार से लम्पी स्कीन बेमारी के लागे से रोकेला सुई आठ हजार बारा के खातिर पेठावल भेटेरेनरी अस्पताल तथा पशु विज्ञ केन्द्र कलैया के पशु प्राविधिक मदन प्रसाद यादव जनकारी करावले बानी । बारा मे आईल सुई १६ पालिका के उपमहानगरपालिका मे ९००, नगरपालिका मे ५ सय, निजगढ मे ६ सय, गाँवपालिका मे ४ सय पेठावल गईल बा । स्थानिय तह के पशु प्राविधिक लोग बेमारी ना भईल गाई मे लगा रहल प्राविधिक यादव जनकारी करावले बानी । बारा के स्थानिय तह मे सञ्चालन भईल सुई देहल ओजगह विज्ञ केन्द्र से अनुगमन कर के अवस्था बुझल जारहल यादव जनकारी करावले बानी ।
नेपाल मे आर्थिक वरीस २०७७÷०७८ मे आठ जिल्ला के ११ गो पालिका मे लम्पी स्किन बेमारी देखल गईल तथ्यांक रहल बा । आर्थिक बरीस २०७८÷०७९ मे ९ जिल्ला के १९ पालिका मे बेमारी फईलल रहे अभी सातु प्रदेश के ७६ गो जिल्ला मे लम्पी स्किन विमारी के महामारी फईलल केन्द्रीय विभाग के तथ्यांक रहल बा ।
लम्पी स्कीन बेमारी से कर्णाली, सुदूरपश्चिम, लुम्बिनी आ कोशी प्रदेश के मध्यपहाडी तथा पहाडी क्षेत्र मे रहल पशु सब अधिक प्रभावित भईल केन्द्रीय विभाग विज्ञप्ति जारी कर के जनकारी करावले बा । मधेश प्रदेश के सभे जिल्ला मे बेमारी फईलल बा जवना से किसनसब परिसानि भोग रहल बा ।
विभाग के पिछिलका तथ्याङ्क मुताविक लम्पी स्किन बेमारी से सात लाख ९ हजार २०३ गो गाई सङ्क्रमित भईल तथ्यांक देखावले बा । अभितकले केन्द्रीय तथ्याङ्क सङ्क्रमित गाई मेसे २५ हजार ७ सय ८२ गो मरल आ चार लाख ५३ हजार ८ सय १९ गो ठिक भईल रहल बा ।
सङ्क्रमित गाई के ओठ, मुह, नाक मे घाव देखाई देहल, आँखा आ नाक से अत्यधिक मात्रा मे से लार निकलल करेला ।





