तराई मे सर्पदंश के घटना बढल, कोभिड अस्पताल भईला पर भी नारायणी सेवा देरहल

वीरगंज २६ बैशाख

वैशाख २४ गते बारा के जितपुर सिमरा उपमहानगरपालिका १६ डकाहा के ११ बरीस के रञ्जिता रानामगर के जहरीला साँप काटला से मृत्यु भईल ।

राजकुमार राना मगर के छोट बेटी मकई खेतमे गईला पर जहरीला साँप कटले रहे ।

पैदल घर फिर्ता गईल उनकर घर मे उ समय केहु ना रहे ।

उनका सँगे गईल साथी कहला के बाद गाँव के लोग एम्बुलेन्स मे राख के ईलाज के खातिर नारायणी अस्पताल पुगवले रहलन ।

माकिर उनका के अस्पताल पुगावे मे देरी हो चुकल रहे ।

अस्पताल उनका के मृत घोषित कईलख । सबेरे १० बजे के समय खाना खाके बेटी के घर मे छोड के बाबुमाई काम मे गईल रहलन ।

उहे समय साथीलोग सँगे उ मकई के खेत मे गईल लइकी के बाबु राज कुमार बतवनी ।

एम्बुलेन्स चालक मोहन कार्की कहनी, ‘हमरा फुन अईला के बाद एम्बुलेन्स लेके मरेजी लेवे जात रहनी ।

मोटरसाइकल मे राख के लिया रहल अवस्था मे रास्ता से उनका के आधा घण्टा मे अस्पताल पुगईनी । माकिर देरी हो गईल रहे ।

अस्पताल रञ्जिता के मृत घोषित कईलख ।’ कोभिड अस्पताल मे बदलल नारायणी अस्पताल आउर सेवा बन्द कईला पर भी सर्पदंश ईलाज सेवा जारी रखले बा ।

पर्सा, बारा, रौतहट के आउर सरकारी तथा निजी अस्पताल सर्पदंश ईलाज सेवा देवे ना सकेवाला भईला से नारायणी से सेवा प्रवाह हो रहल बा ।

वैशाख मे मात्र ६ जने जनानी सहित ३० जने के ईलाज कईल अस्पताल जनवले बा ।

समय मे अस्पताल आईल सभी जने ईलाज के बाद ठिक होके घर गईल बा ।

गर्मी बढला सँगे मध्य तराई के पर्सा, बारा, रौतहट मे सर्पदंश के घटना बढल बा ।

इमर्जेन्सी मे दैनिक ४ से ५ जने सर्पदंश आ शंकास्पद सर्पदंश के मरेजी आरहल अस्पताल के इमर्जेन्सी शाखा इन्चार्ज प्रल्हाद साह बतवनी ।

सर्पदंश के मरेजी के ईलाज के खातिर एन्टी स्नेक भेनम जरुरी पडि ।

नारायणी मे प्रदेश नं ३ के हेटौंडा से एन्टी स्नेक भेनम लियावल जाला ।

कउनो भी निजी अस्पताल सेवा देवे ना सकेवाला भईला से सर्पदंश सेवा नारायणी के आकस्मिक कक्ष से देहल जा रहल अस्पताल के मेडिकल सुपरिटेन्डेन्ट डा. मदन उपाध्याय जानकारी देहनी ।

इमर्जेन्सी आ कोभिड–१९ संक्रमित राखल आइसोलेसन वार्ड के मरेजी दुनु देखेके ड्युटी मिलावल मेसु उपाध्याय बतवनी ।

‘इमर्जेन्सी मे २४ से घण्टा चिकित्सक रहेलन, कोभिड संक्रमित के भी उलोग हि देखेलन ।

सर्पदंश के ईलाज मे जरुरी पडला पर कन्सल्टेन्ट के सहजोग लेहल जाला,’ कहके बतवनी ।

नारायणी रेविज भ्याक्सिन सेवा भी देत आईल अस्पताल जनवले बा ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: यो समाग्री सुरक्षित छ ।