जनता के आशा आ विश्वास बढेवाला किसिम से सदन अगाडि बढी :- सभामुख सापकोटा

काठमाण्डु १३ माघ,
नवनिर्वाचित सभामुख अग्निप्रसाद सापकोटा संसद् उपर जनता के आशा आ विश्वास बढेवाला किसिम से खुद सदन के कामकारबाही अगाडि बढावेके बतवले बानी ।
सभामुख पद के शपथ ग्रहण के बाद आजु सिंहदरबारस्थित सभामुख के कार्यकक्ष मे पदवहाली कईला के बाद आयोजना कईल संक्षिप्त पत्रकार भेटघाट मे उ सदन के जीवन्तरूप मे सञ्चालन करेके बतवनी ।“
हमनी चुन के पठावल प्रतिनिधि से लोकतान्त्रिक रास्ता से छलफल कईले बाडन कहके जनता से अनुभव करेवाला किसिम से सदन के अगाडि बढाएम”, कहत उ, “कुछ विधेयक प्रमाणीकरण करेके बाँकी बा । प्राथमिकता प्राप्त विधेयक के अगाडि लेजाएके आ विधेयक के प्राथमिकता छुट्टया के काम करेम ।”
सभामुख मे निर्वाचित भईला के बाद अब आपन सभी ध्यान संसद् मे केन्द्रित भईल उनकर कहनाम रहे । सभामुख सापकोटा सदन मे दर्ता भईल विधेयक के साथे सङ्कल्प प्रस्ताव, सार्वजनिक महत्व के प्रस्ताव के प्राथमिकता क्रम छुट्टया के अगाडि बढावे के बतवनी ।
‘मिलेनियम च्यालेन्ज कर्पोरेशन’ (एमसिसी) सम्बन्धी प्रस्ताव का करेम ? कहके सवाल मे उ एमसिसी सम्बन्धी सहजोग लेवे÷ना लेवेके कहके नेपाली समाज मे बहस सुरु भईल आ बहस से निकलेवाला निष्कर्ष के आधार मे निर्णय लेवेके बतवनी । “एमसिसी के सन्दर्भ मे सभी सांसद के भावना समेट के अगाडि बढेम”, कहके बतवनी ।
लोकतन्त्र मे विरोध होत रहेला
सभामुख मे निर्वाचित भईला के बाद आपन बारेमे कईल विरोध के सामान्यरूप मे लेत उ लोकतन्त्र मे विरोध करे खातिर सभी के छुट भईल टिप्पणी कइनी । नेपाल कम्युनिष्ट पार्टी (नेकपा) सापकोटा के सभामुख के उम्मेदवार बनावे के निर्णय कईला सँगे कुछ आदमी विरोध कईले रहलन ।
उ खुद विरुद्ध अदालतम मे कुछ मुद्दा विचाराधीन रहल आ उ विषय मे बेसी बोलल मनासिव ना होखेके बतवनी । “ई विषय मे बेसी बोलल परिवक्वता ना होखी”, उ विषय मे खुद के बोलेमे बाध्य ना करे खातिर निहोरा करत उ, “कुछ विषय उठल बा, उ निरुपण होत जाई ।”
पदवहाली के बाद सभामुख सापकोटा संसद् मे पेश करे खातिर विधेयक स्वीकृत कईले रहनी । सभामुख के कार्यकक्ष मे सङ्घीय संसद् सचिवालय के महासचिव मनोहर प्रसाद भट्टराई लगायत संसद् के कर्मचारी स्वागत कईले रहलन ।






