३ करोड़ महिला लोगके समूह से जोड़ल जाई, १ करोड़ बनीहें ‘लखपति दीदी’: केशव प्रसाद मौर्य

३ करोड़ महिला लोगके समूह से जोड़ल जाई, १ करोड़ बनीहें ‘लखपति दीदी’: केशव प्रसाद मौर्य

लखनऊ २४ भदौ

उत्तर प्रदेश में महिला स्वयं सहायता समूह के माध्यम से मेहरारू सभ के आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनावे खातिर सरकार ३ करोड़ महिला के स्वयं सहायता समूह से जोड़े के लक्ष्य तय कइले बा। एह में से १ करोड़ महिला के ‘लखपति दीदी’ बनावे के लक्ष्य बा।

बुधवार के लखनऊ के योजना भवन में उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत तकनीकी सहयोगी संस्था, बैंकर्स, दुग्ध उत्पादक कंपनी आ एचसीएल संस्था के काम के समीक्षा बैठक भइल। बैठक के अध्यक्षता उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य कइलें। राज्य मंत्री, ग्राम्य विकास विभाग विजय लक्ष्मी गौतम विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहली।

बैठक में उपमुख्यमंत्री मौर्य कहलें कि सरकार के उद्देश्य खाली गरीब मेहरारू सभ के कर्जा देहल ना, बल्कि ओह लोग के आमदनी बढ़ावल आ आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनावल बा। मेहरारू सभ के आमदनी बढ़ी त परिवार के आर्थिक स्थिति मजबूत होई आ गांव में समृद्धि के आधार तैयार होई।

पहिला किस्त में २० हजार, फेर ३० हजार रुपिया
मौर्य कहलें कि उत्तर प्रदेश महिला उद्यमी योजना के तहत एक करोड़ से अधिक महिला के पहिला किस्त में २० हजार रुपिया उपलब्ध करावल जाई, जवना के ब्याज विभाग द्वारा वहन कइल जाई। एकरा बाद दूसरा किस्त में ३० हजार रुपिया देवे के व्यवस्था बा। पात्र महिला सभ के कर्जा मिले के प्रक्रिया आसान आ सुगम बनावे के निर्देश बैंकर्स के दिहल गइल।

उपमुख्यमंत्री बैंकर्स से कहलें कि गरीब महिला सभ के कर्जा देवे में सहयोगात्मक रवैया अपनावल जाए आ खाली मुनाफा कमावे के नजरिया से काम ना कइल जाए। सरकार जब ब्याज के भार उठा रहल बा त पात्र महिला के योजना के लाभ मिले में कवनो अड़चन ना होखे के चाहीं।

ई-रिक्शा से कम लागत में अधिक कमाई पर जोर
बैठक में डेवलपमेंट अल्टरनेटिव संस्था के निर्देश दिहल गइल कि मिशन के अधिकारी सभ के साथ मिल के २ लाख रुपिया तक के अच्छा आ किफायती ई-रिक्शा के पहचान कइल जाए। समूह से जुड़ल महिला सभ के अइसने ई-रिक्शा उपलब्ध करावल जाए, जवना से उनकर आर्थिक बोझ कम होखे आ कम लागत में अधिक आमदनी हो सके।

हर संकुल स्तरीय संघ के पास ड्रोन के योजना
मौर्य तकनीक के इस्तेमाल से महिला स्वयं सहायता समूह के आमदनी बढ़ावे पर भी जोर दिहलें। ऊ कहलें कि अइसन योजना बनावल जाए कि हर संकुल स्तरीय संघ के पास कम से कम एगो ड्रोन उपलब्ध होखे। ड्रोन के इस्तेमाल खेती समेत अन्य गतिविधियन में तकनीक के बढ़ावा देवे आ महिला सभ खातिर आमदनी के नया अवसर पैदा करे में कइल जा सकेला।

दूध के कारोबार से ‘लखपति दीदी’ बनावे पर जोर
उपमुख्यमंत्री मेहरारू सभ के गाय-भैंस खरीदे खातिर सरल तरीका से कर्जा उपलब्ध करावे के निर्देश दिहलें। ऊ कहलें कि दुग्ध उत्पादन के माध्यम से महिला सभ अपना आमदनी बढ़ा सकेली आ एहसे ‘लखपति दीदी’ बनावे के लक्ष्य के गति मिली।

बैठक में जानकारी दिहल गइल कि प्रदेश में ५ मिल्क प्रोड्यूसर कंपनी महिला दुग्ध उत्पादकन के आर्थिक रूप से मजबूत बनावे में महत्वपूर्ण भूमिका निभावत बाड़ी। ई कंपनी सभ महिला दुग्ध उत्पादकन के संगठित क के उनकर आमदनी बढ़ावे आ आर्थिक गतिविधियन से जोड़े के काम करत बाड़ी।

बीमा क्लेम में गरीब परिवार के परेशानी ना होखे
मौर्य कहलें कि बैंक कर्जा देत समय बीमा त कर देत बा, बाकिर बीमा क्लेम खातिर गरीब परिवार आ आश्रितन के बार-बार कार्यालय के चक्कर लगावे के पड़ेला। ऊ एह स्थिति के अनुचित बतावत अधिकारी सभ के निर्देश दिहलें कि बीमा क्लेम के मामला संवेदनशीलता आ समयबद्ध तरीका से निपटावल जाए।

साथही गरीब महिला सभ के साथ कवनो तरह के छल-कपट या धोखाधड़ी ना होखे, एह पर लगातार नजर रखे के निर्देश भी दिहल गइल।

एचसीएल १३ जिला में कर रहल बा काम
बैठक के शुरुआत में एचसीएल संस्था द्वारा उत्तर प्रदेश में कइल जा रहल काम आ उपलब्धियन के प्रस्तुतीकरण कइल गइल। संस्था स्मार्ट स्कूल, स्वास्थ्य आ समुदाय आधारित जागरूकता समेत कई क्षेत्र में कार्यक्रम चला रहल बा।

बतावल गइल कि एचसीएल अपना अधिकांश सीएसआर फंड के इस्तेमाल उत्तर प्रदेश में करत बा आ फिलहाल १३ जिला में काम कर रहल बा।
उपमुख्यमंत्री सुझाव दिहलें कि कवनो जिला में काम शुरू कइला के बाद ओह जिला के संतृप्त होखे तक कार्यक्रम जारी रखल जाए, ताकि स्थानीय लोग के स्थायी लाभ मिल सके।

बैठक में प्रमुख सचिव ग्राम्य विकास विभाग सौरभ बाबू, आयुक्त ग्राम्य विकास प्रमोद कुमार उपाध्याय, मिशन निदेशक राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन अरुण कुमार, अपर मिशन निदेशक जयनाथ यादव, संयुक्त मिशन निदेशक प्रवीणानन्द, देवेंद्र कुमार ओझा समेत बैंक आ तकनीकी सहयोगी संस्थान के प्रमुख तथा मिशन के अधिकारी मौजूद रहलें।

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